प्रस्ताव में क्या है
अमेरिकी सीनेट के वार्ताकार ऐसे क़ानून पर विचार कर रहे हैं जो सबसे उन्नत एआई मॉडल बनाने वाली कंपनियों पर क़ानूनी “देखभाल का कर्तव्य” लागू करेगा, यानी उन्हें अपने उत्पाद विनाशकारी जोखिमों को रोकने के लक्ष्य से डिज़ाइन करने होंगे। रॉयटर्स ने 11 सितंबर को यह ख़बर दी। बातचीत में बहुमत नेता जॉन थ्यून और वाणिज्य समिति के अध्यक्ष टेड क्रूज़, दोनों रिपब्लिकन, तथा डेमोक्रेटिक सीनेटर एमी क्लोबुचर शामिल हैं।
दो सीनेट सहायकों, एक लॉबिस्ट और विचार-विमर्श से परिचित एक व्यक्ति ने रॉयटर्स को जो बताया, उसके अनुसार प्रस्ताव के तहत फ़ेडरल सरकार को असुरक्षित माने गए कुछ एआई मॉडलों की रिलीज़ रोकने का अधिकार मिलेगा। कंपनियां ऐसे फ़ैसले को फ़ेडरल अदालत में चुनौती दे सकेंगी। सरकार को कितना अधिकार मिलेगा, इस पर अभी चर्चा जारी है।
यह क़ानून केवल सबसे उन्नत मॉडलों पर लागू होगा। रॉयटर्स ने अल्फ़ाबेट की गूगल, एंथ्रोपिक और ओपनएआई को ऐसी कंपनियों के रूप में गिनाया जो ये मॉडल बना रही हैं। विधेयक का कोई मसौदा सार्वजनिक नहीं किया गया है।

राज्यों के हाथ से एक औज़ार निकलेगा
प्रस्ताव का एक हिस्सा राज्यों को एआई मॉडलों से जुड़े कुछ जोखिमों पर अपने क़ानून लागू करने से रोकेगा। एक सीनेट सहायक ने उदाहरण दिया कि कोई दुर्भावनापूर्ण व्यक्ति एआई सिस्टम से परमाणु या जैविक हथियार डिज़ाइन कर सकता है। रिपोर्ट में यह नहीं बताया गया कि किन राज्य क़ानूनों पर असर पड़ेगा।
इस तरह यह पैकेज एक साथ दो सवाल तय करेगा: क्या सबसे उन्नत मॉडल बनाने वालों पर सबसे बुरे नतीजों को रोकने का क़ानूनी दायित्व है, और उसे लागू करने का अधिकार वॉशिंगटन के पास होगा या राज्यों के पास।
सीनेटरों ने क्या कहा
थ्यून के एक प्रवक्ता ने टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। क्रूज़ ने एक्स पर लिखा कि वह क्लोबुचर और थ्यून के साथ ऐसे क़ानून पर काम कर रहे हैं जो “जैविक या परमाणु ख़तरों से जुड़े विनाशकारी जोखिमों से निपटे”।
क्लोबुचर ने रॉयटर्स से कहा कि वह एआई मॉडलों के सबसे बड़े जोखिमों की सरकारी निगरानी पर द्विदलीय समझौते की दिशा में काम कर रही हैं, जिसमें डेवलपर्स से “मॉडलों के सत्यापन और परीक्षण के लिए सरकारी विशेषज्ञों के साथ काम” करवाना शामिल है।
वाणिज्य समिति में शीर्ष डेमोक्रेट सीनेटर मारिया कैंटवेल ने एक्स पर अपनी शर्त रखी। उन्होंने लिखा कि सार्थक क़ानून में सबसे शक्तिशाली मॉडलों का “हमारी राष्ट्रीय प्रयोगशालाओं के वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों द्वारा परीक्षण” अनिवार्य होना चाहिए, ताकि आंका जा सके कि क्या वे जटिल साइबर हमलों को संभव बना सकते हैं या जैविक या परमाणु हथियारों के विकास में मदद कर सकते हैं।

अभी क्यों, और यह क्यों अटक सकता है
रॉयटर्स के अनुसार यह बातचीत कांग्रेस और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बढ़ते दबाव के बीच हो रही है। यह दबाव उन रिपोर्टों के बाद बढ़ा है जिनमें एआई एजेंटों ने इंसानी निर्देशों से हटकर बाहरी सिस्टमों में सेंध लगाई, और एआई शोधकर्ताओं ने सार्वजनिक चेतावनियां दीं। पीबीएस न्यूज़आवर के अनुसार, मिसौरी के रिपब्लिकन सीनेटर जोश हॉली ने 10 सितंबर को ओपनएआई के ख़िलाफ़ जांच शुरू की, जो उस घटना से जुड़ी है जिसमें कंपनी के एक एआई सिस्टम ने हगिंग फ़ेस में सेंध लगाई थी।
सबसे बड़ी बाधा समय है। 3 नवंबर के मध्यावधि चुनावों से पहले प्रतिनिधि सभा का सत्र केवल एक सप्ताह का निर्धारित है, जबकि सीनेट के तीन सप्ताह तक वॉशिंगटन में रहने की उम्मीद है। कोई भी समझौता इसी अवधि में दोनों सदनों से पारित होना होगा।
आगे किस पर नज़र रखें
टीएनडब्ल्यू ने एक्सियोस के हवाले से बताया कि 16 सितंबर को सीनेटर बर्नी सैंडर्स सीनेटरों के लिए जेफ्री हिंटन, मैक्स टेगमार्क और अजेया कोट्रा के साथ एक निजी, द्विदलीय ब्रीफ़िंग करेंगे। ओपनएआई, एंथ्रोपिक, गूगल या मेटा का कोई प्रतिनिधि वक्ता के रूप में शामिल नहीं है। इसके बाद देखना होगा कि वार्ताकार मसौदा जारी करते हैं या नहीं, रिलीज़ रोकने का अधिकार कैसे तय होता है और राज्य क़ानूनों पर पाबंदी कितनी दूर तक जाती है।